Home भोजपुरी साहित्य

भोजपुरी साहित्य

भोजपुरी साहित्य, भोजपुरी कविता, भोजपुरी कथा कहानी, भोजपुरी ग़ज़ल, Bhojpuri sahitya, Bhojpuri kavita, Bhojpuri katha kahani, Bhojpuri gazal

जगदीश खेतान जी

जगदीश खेतान जी के लिखल भोजपुरी कहानी इंसानियत

घड़ी के एलारम बाजे लागल। हम हड़बड़ा के उठलीं आ बइठ गइलीं। आजे हमार बी.काम के फाइनल परीक्षा खतम भइल रहे।परीक्षा समाप्त होते भर...
देवेन्द्र कुमार राय जी

देवेन्द्र कुमार राय जी के लिखल दू गो भोजपुरी गीत

भोजपुरी गीत सईंया रंगबाज बनि के घुमत चले सईंयाजी हमार रंगबाज हो, खोरी में लसारि दिहले कुलवा के लाज हो।टेक। नाच देखे घुमत...
डॉ. हरेश्वर राय जी

डॉ. हरेश्वर राय जी के कुछ बेहतरीन भोजपुरी रचना

काहे मारेल मुसुकिया तू अइसन जनमार काहे मारेल मुसुकिया तू अइसन जनमार कइल हियरा में हमरा दरारे-दरार I मिलब त तोहके बताइब संघतिया मुंहवा में तहरा लगाइब भभूतिया तहरा...
विवेक सिंह जी

विवेक सिंह जी के लिखल भोजपुरी लघुकथा ललका रंग

फागुन के महीना मे चरो ओर उमंग के लहर दऊरे ला, हर कोई मस्ती के रंग मे रंगल नजर आवेला ! चाहे ऊ इंसान होखे...
विवेक सिंह जी

विवेक सिंह जी के लिखल भोजपुरी कविता नारी सम्मान

शक्ती के स्वरूप से, नारी के पत्वारी बा! एकरा के कमजोर मत समझअ, ई देश-दुनिय पे भारी बा! सब के हित मे सोचे, ई नारी के शुबिचारी बा! जे ममता...
जगदीश खेतान जी

जगदीश खेतान जी के लिखल भोजपुरी कहानी चार गो भूतन से भेंट

आयी पढ़ल जाव जगदीश खेतान जी के लिखल एगो बेहतरीन भोजपुरी कहानी चार गो भूतन से भेंट:- रउवा लोग अपने जीवन मे भूत, प्रेत, चुड़ैल...
विवेक सिंह जी

विवेक सिंह जी के लिखल भोजपुरी लघु कथा पगली

फसल के कटाई के बाद चारो तरफ दूर-दूर तक नजर के रोक-थाम खातिर कुछो न लऊके | आपन नजर के जहाँ तक दौड़ाई उ...
भोजपुरी लघु कथा आश के लेखक विवेक सिंह जी

विवेक सिंह जी के लिखल भोजपुरी लघु कथा आश

आश मनुष्य मनोवृती के अटूट शक्ती, जोन कबो आपन दम न तोडे ! आश ओह समय तक दिल मे होला. जब केहु आपन के...
संजय कुमार मौर्य जी

संजय कुमार मौर्य जी के लिखल तीन गो कविता

यह सभी रचनाएं भोजपुरी काव्य संग्रह आखर आखर जिंदगी से लिया गया है जिसके रचनाकार संजय कुमार मौर्य जी हैं। नाव लेके मिटा देला केहू नाव...
देवेन्द्र कुमार राय जी

देवेन्द्र कुमार राय जी के लिखल दीदीया के देवरा भोजपुरी गीत

जब भईया के ससुरारी भऊजी रहेली ओहघरी देवरलोग कवनो ना कवनो बहाने जाला। बाकी निगाह त भऊजी के कुंवार बहीन प रहेला। ई नाता...
विद्या शंकर विद्यार्थी जी

विद्या शंकर विद्यार्थी जी के लिखल देवी गीत

काहे निमिया नइखु बोलत, काहे सिंकिया नइखु डोलत काहे नाहीं भइलु कचनार हो .... बिलमी गइली मइया मलिया के घरवा ठहरी गइले ओहिजे चारो...
देवेन्द्र कुमार राय जी

प्रस्तुत बा देवेन्द्र कुमार राय जी के लिखल दू गो भोजपुरी गीत

भोजपुरी गीत अजबे दुखाता डभकता ता भीतरे भीतर अजबे दुखाता, बता दे दवाई केहु ना हमरा बुझाता। टेक। कवनो दवाई हमरा कामे नाहीं आवे, डाक्टर हकीम चाहे कुछुओ...
तारकेश्वर राय जी

माई क इज्जत

बोले वाला भोजपुरी हई | ई बोली गर के माला ह || नेह से बोलब त पूड़ी मिठाई | फूहड़ गवईया खातिर भाला ह || जनमते सुनली इहे...
तारकेश्वर राय जी

नेताजी क होली

रंगवा बदले में माहिर रउवा | रंगदारी में तू बड़ा गहिर हउवा || देसवा के लुटे में लागल बानी | बुड़ा के वादा आली नईया, भागल बानी...
विद्या शंकर विद्यार्थी जी

विद्या शंकर विद्यार्थी जी के लिखल विदाई गीत

भोरे भोरे डोलिया में विदाई होली बिटिया अजुए से सबसे पराई होली बिटिया गाँव के इयदिया अँचरिया में लिहली माई आजू भरी अंकवरिया...
विमल कुमार जी

कान छोड़ दे हमहुं हो गइलीं सेआन रे माई

रहलीं लइका त नोचलीस तेहुं कान रे माई कान छोड़ दे हमहुं हो गइलीं सेआन रे माई। देखि देखि हँसतारे गँउवा के लोगवा कान...
संजय चतुर्वेदी जी

संजय चतुर्वेदी जी के लिखल चली सभे गऊवां के ओर

चली सभे गऊवां के ओर , जहवाँ गली-गली हीरा - मोती बरसे । बैलन के घरी- घंट जहवाँ सोहावन, गईया आ बाछा-बाछी,बड़ी मन-भावन, हर्ष – ख़ुशी से सराबोर,...
देवेन्द्र कुमार राय जी

देवेन्द्र कुमार राय जी के कुछ भोजपुरी रचना

भोजपुरी कविता भोजपुरीया के ठाट भोजपुरीया जब प्रेम से बोले हर बात लागे मधुआईल, आवते भोजपुरीया के ताव में हर बतीए लागे बघुआईल।। भोजपुरी के चले जब गोला सभ...
तारकेश्वर राय जी

दहेज प लिखल तारकेश्वर राय जी के दू गो कविता

दहेज बाप देखीं बेटा के, बोली लगवले बा | देवे वाला ख़ुशी से, गर्दन झुकवले बा || मोल भाव होता, देखीं सपना के || शान से बेचता, केहू...
देवेन्द्र कुमार राय जी

देवेन्द्र कुमार राय जी के लिखल दू गो भोजपुरी गीत

ननदो हमार हई घरवा के चान हो पियवा के हमरा ई जिया के परान हो, ननदो हमार हई घरवा के चान हो। झुमुकी झुमुकी जब घुमे...